लखनऊ में मतदान केंद्रों के रेशनलाइजेशन की प्रक्रिया तेज, 4 जुलाई को जारी होगी प्रारूप सूची

लखनऊ में मतदान केंद्रों का रेशनलाइजेशन शुरू

पत्रकार सत्ता | लखनऊ 
आगामी निर्वाचनों की तैयारियों के तहत लखनऊ में मतदान केंद्रों (Polling Stations) के रेशनलाइजेशन (पुनर्गठन) की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसी क्रम में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी विशाख जी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम सभागार में मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई।

बैठक में मतदान केंद्रों के पुनर्गठन की प्रक्रिया, नए बूथों के निर्धारण, मतदाताओं की सुविधा और निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप बूथों के पुनर्विन्यास पर विस्तार से चर्चा की गई।

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जिलाधिकारी विशाख जी ने बताया कि 4 जुलाई 2026 को प्रस्तावित मतदान केंद्रों की प्रारूप (ड्राफ्ट) सूची प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों, जनप्रतिनिधियों तथा आम नागरिकों से निर्धारित अवधि के भीतर सुझाव एवं आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी। प्राप्त दावों और आपत्तियों का परीक्षण करने के बाद अंतिम सूची तैयार कर भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रकाशित की जाएगी।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि रेशनलाइजेशन की पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पूरी की जाए, ताकि प्रत्येक मतदाता को अपने निवास के निकट सुविधाजनक मतदान केंद्र उपलब्ध कराया जा सके।

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बैठक में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), अपर जिलाधिकारी (नगर), उप जिला निर्वाचन अधिकारी, संबंधित उप जिलाधिकारी (SDM), निर्वाचन शाखा के अधिकारी तथा मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। बैठक में निर्वाचन आयोग के निर्धारित मानकों के अनुरूप बूथों के पुनर्गठन और मतदाताओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर सहमति व्यक्त की गई।

जिला निर्वाचन अधिकारी ने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे प्रारूप सूची प्रकाशित होने के बाद उसका परीक्षण कर समय सीमा के भीतर अपने सुझाव एवं आपत्तियां उपलब्ध कराएं, जिससे अंतिम मतदान केंद्र सूची को अधिक व्यावहारिक और मतदाता हितैषी बनाया जा सके।

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