बिजनौर दौरे के बीच मुख्यमंत्री से पूछे कई सवाल, सरकार की ओर से नहीं आई तत्काल प्रतिक्रिया
पत्रकार सत्ता
लखनऊ। बिजनौर दौरे के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को लेकर आजाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद ने सोशल मीडिया पर लंबी टिप्पणी जारी कर प्रदेश सरकार की नीतियों और दलित कल्याण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सवाल उठाए। उन्होंने कानून व्यवस्था, शिक्षा, आरक्षण, सफाईकर्मियों की स्थिति और आवास योजना समेत कई विषयों को लेकर सरकार की कार्यप्रणाली की आलोचना की।
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चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि उत्तर प्रदेश में दलितों के खिलाफ अपराध, आरक्षण से जुड़े लंबित मामले, 69 हजार शिक्षक भर्ती विवाद, पदोन्नति में आरक्षण, बैकलॉग भर्तियां और अनुसूचित जाति एवं जनजाति समुदाय से जुड़े कई मुद्दे अब भी समाधान की प्रतीक्षा कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इन विषयों पर सरकार ने अपेक्षित कार्रवाई नहीं की है।
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अपने बयान में उन्होंने हाथरस प्रकरण, सफाईकर्मियों की कार्य परिस्थितियों, मेडिकल कॉलेजों में आरक्षित सीटों, आवास योजना की किस्त, सरकारी विद्यालयों के संचालन तथा भूमिहीन परिवारों से जुड़े मुद्दों का भी उल्लेख करते हुए सरकार से जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और संविधान की भावना के अनुरूप नीतियों को प्रभावी ढंग से लागू किया जाना चाहिए।
चंद्रशेखर आजाद ने मुख्यमंत्री के बिजनौर दौरे का उल्लेख करते हुए कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के विचारों का सम्मान केवल आयोजनों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उसे सरकारी नीतियों और निर्णयों में भी दिखाई देना चाहिए।
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समाचार लिखे जाने तक मुख्यमंत्री कार्यालय अथवा उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से चंद्रशेखर आजाद के इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी। सरकार का पक्ष उपलब्ध होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।




